दुल्हे ने दिल हाल दे, खैंच लिए दिल सारे ।
कहा कहूं सुख इन विध, जो किए हाल हमारे॥
View All Quiz Answer.
युगल सरूप श्री राज स्यामा जी के दर्शन हुए थे राधे कृष्ण के नहीं और झूठ यह था कि इन्द्रावती जी श्री राज जी से कहती हैं कि आपने हमें अपने साथ क्यूं नहीं जोड़ा,अपनी असल पहचान हमसे छिपा कर क्यूं ब्रज रास से जोड़े रखा ।
Read Quiz →
विजया अभिनंद बुद्ध जी मलकी सरूप धनी श्री देवचन्द्र जी को कहा है और नेहेकलंक श्री जी साहिब हकी सरूप को कहा है
Read Quiz →
जाग्रत बुद्ध और निज बुद्ध का पूरा ज्ञान धनी की पूर्ण पहचान ही नूर बल है
Read Quiz →
जीव को ही आत्म के नेत्र कहा है जो यहाँ बेशक ईलम की वाणी से अपने को निर्मल करता है जिससे आत्म बल पकड़ कर अपने निजघर को देखती है
Read Quiz →
इश्के हिरसी जो आजकल के नौजवान गलियों में करते फिरते है । इश्के नफसी जो लैला मजनूं जैसे जोड़ों ने किया इश्के हकीकी जो मीरा और सूरदास ने कृष्ण से किया इश्के मारफत जो अखण्ड पारब्रह्म के साथ एक आत्म ही कर सकती है
Read Quiz →